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Saturday, April 15, 2023

दिन बदलने लगे

 जैसे जैसे ये दिन सब गुजरने लगे।

बीते हुए दिन भी अच्छे लगने लगे।


राहों के पत्थरों ने ये काम कर दिया

खा के ठोकर सभी अब संभलने लगे।


दुवाएं दोस्तों की हैं लग रहीं शायद 

दिन अपने भी अब हैं बदलने लगे।


धीमे धीमे ही सही बात पहुंची यहां 

बात दिल की मेरे वो समझने लगे।


दिल में आए भी वो फिर चले भी गए

मानिंद तिनकों के हम बस बिखरने लगे।

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